लेखांकन में खातों के प्रकार
सामान्य रूप से Accountancy में खाते (Accounts) दो प्रकार (Two Types) के होते है -
1) व्यक्तिगत खाते (Personal Accounts)
2) अव्यक्तिगत खाते (Impersonal Accounts)
1) व्यक्तिगत खाते (Personal Accounts):-
व्यक्तिगत खाते (Personal Accounts) उन खातों को कहा जाता है जिनमे किसी व्यक्ति (Person), Firm या Company का हिसाब लिखा जाता है।
व्यक्तिगत खातो (Personal Accounts) को तीन भागो में बाटा गया है -
i) प्राकृतिक व्यक्तिगत खाते (Natural Personal Accounts) :-
जब किसी व्यक्ति से कोई लेन - देन किया जाता है तो उसके नाम से एक खाता खोला जाता है, उसके बाद उस व्यक्ति से जितने भी लेन - देन (Transactions) किये जाते है उन सभी लेन - देनो (Transactions) को उसके खाते में लिखा जाता है। इसे प्राकृतिक व्यक्तिगत खाते (Natural Personal Accounts) कहते है।
जैसे राजू ने किसी दुकानदार से एक किताब 200 रूपये में खरीदी फिर उसने 2 दिन बाद दुकानदार को 200 रूपये का भुगतान (Payment) किया।
इस Transaction में दुकानदार का खाता अपनी खाताबही (Ledger) में ओपन करेगा उसके बाद उसमे 200 रूपये की Sale (बिक्री) की Entry करेगा उसके बाद जब 2 दिन बाद राजू ने दुकानदार को Payment किया तो दुकानदार राजू के खाते में 200 रूपये Received की एंट्री करेगा।
ii) कृत्रिम व्यक्तिगत खाते (Artificial Personal Accounts) :-
जब कोई व्यापारी किसी Company, Firm, Club या किसी सहकारी संस्था (Co-operative Society) से Transaction करता है तो पहले उसका खाता खोलता है। इस तरह के खातों को कृत्रिम व्यक्तिगत खाते (Artificial Personal Accounts) कहा जाता है।
जैसे एक व्यापरी ने Raj Technology Pvt. Ltd. को 10 पेन प्रत्येक 10 रूपये के हिसाब से बेची।
इस Transaction को लिखने के लिए व्यापारी पहले अपनी Books of Accounts यानि Ledger में Raj Technology Pvt. Ltd. का एक खाता खोलेगा उसके बाद किये जाने वाले लेन - देनो को उस खाते में लिखेगा।
iii) प्रतिनिधित्व व्यक्तिगत खाते (Representative Personal Accounts) :-
जब कोई अकाउंट किसी व्यक्ति के नाम से नहीं खोला जाता है लेकिन वह किसी व्यक्ति का प्रतिनिधित्व करता है या किसी व्यक्ति को Represent करता है तो इसे प्रतिनिधित्व व्यक्तिगत खाते (Representative Personal Accounts) कहते है।
जैसे एक व्यापारी के यहाँ राजेश नाम का एक कर्मचारी काम करता है, व्यापारी को राजेश को इस माह 8000 रूपये वेतन का भुगतान करना था लेकिन किसी कारण की वजह से वह Payment नहीं कर पाया तो ऐसे में व्यापारी एक अकाउंट open करेगा "Outstanding Salary Account'' और इस खाते में वह राजेश की Salary डालेगा।
यह खाता राजेश का नहीं है लेकिन फिर व्यापारी इसमें राजेश की Salary डाल रहा है इसका मतलब है की यह खाता राजेश को Represent कर रहा है।